शुक्रवार, 16 अक्तूबर 2009
अनकही बाते
मेरे साथियो । मेरे सभी शुभचिंतको मै आपलोगों के बिच बहुत ही जल्दी आउंगा और मै अपनी सारे बातें आप लोगो को बताऊंगा की मै कैसे बिना बताएं आप लोगो के बिच में से कहीं खो गया। अभी फिलहाल आप इतना ही समझ लीजिये की। जाको रखे सैयां मार सके न कोई । कोई तन दुखी .कोई मन दुखी। कोई धन बिन रहत उदास। थोरे- थोरे सब दुखी । एक सुखी बस राम का दास। आप सभी को दीपावली की हार्दिक शुभकामनायें।
प्रस्तुतकर्ता
पिंटू कुमार
पर
Friday, October 16, 2009
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अनकही बाते
3 टिप्पणियाँ:
- अजय कुमार झा ने कहा…
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आपने तो उत्सुकता बढा दी.....
दीपावली की शुभकामना....
अजय कुमार झा -
Fri Oct 16, 02:23:00 PM
- राज भाटिय़ा ने कहा…
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अरे अब ठीक तो है ना, आप की पोस्ट से उदासी झलक रही है??
आपको और आपके परिवार को भी दीपावली की हार्दिक शुभकामनाएं ! -
Fri Oct 16, 03:34:00 PM
- Udan Tashtari ने कहा…
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आईये फुरसत हो कर.
सुख औ’ समृद्धि आपके अंगना झिलमिलाएँ,
दीपक अमन के चारों दिशाओं में जगमगाएँ
खुशियाँ आपके द्वार पर आकर खुशी मनाएँ..
दीपावली पर्व की आपको ढेरों मंगलकामनाएँ!
-समीर लाल ’समीर’ -
Fri Oct 16, 10:46:00 PM
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